Begin typing your search above and press return to search.

फुटबॉल

देश के लिए खेलने से बड़ा कुछ भी नहीं होता है- रॉबिन सिंह

देश के लिए खेलने से बड़ा कुछ भी नहीं होता है- रॉबिन सिंह
X
By

Deepak Mishra

Updated: 2022-04-18T15:19:39+05:30

भारत और हैदराबाद फुटबॉल क्लब के स्ट्राइकर रॉबिन सिंह से द ब्रिज ने खास बातचीत की। इस बातचीत में हमने उनसे इंडियन सुपर लीग में हैदराबाद के प्रदर्शन और उनके आईएसएल में तमाम टीमों से खेलने के अनुभव के उपर भी बातचीत की। इसके साथ ही द ब्रिज की टीम ने भारतीय फुटबॉल टीम के विश्व कप क्वालीफायर्स के उपर भी बात की। द ब्रिज की भारतीय फुटबॉलर रॉबिन सिंह से खास बातचीत से जुड़े सवाल पेश है।

द ब्रिज- इंडियन सुपर लीग में हैदराबाद एफसी के प्रदर्शन के बारे में क्या कहना चाहेंगे?

रॉबिन सिंह: देखिए ये एक उभरती हुई टीम है और जब आप एक नई टीम की शुरूआत होती है तो उतार -चढ़ाव लगा रहता है। रही बात इस टीम की अंक तालिका में नीचे रहने की तो मुझे पूरा भरोसा है कि हम जल्द ही अच्छे प्रदर्शन के साथ वापसी करेंगे।

Robin Singh
चित्र: Hyderabad FC /Twitter

द ब्रिज- आप हैदाराबाद,गोवा औऱ दिल्ली डायनोमोज जैसी टीमों की तरफ से आईएसएल में हिस्सा रह चुके हो आप इन टीमों के साथ खेलने के अनुभव के बारे में क्या कहना चाहेंगे?

रॉबिन सिंह: इन टीमों के साथ ही नहीं बल्कि आईलीग टीम से भी काफी कुछ सीखने को मिला। मेरा सिर्फ एक ही मकसद है जितना ज्यादा से ज्यादा मुझे खेलने का मौका मिले औऱ जिसके लिए मैं हर दिन मेहनत कर रहा हूं। किसी भी खिलाड़ी के लिए अपने देश के लिए खेलने से ज्यादा कोई बड़ा मौका नहीं हो सकता।

Robin Singh
चित्र: Robin Singh/Facebook

द ब्रिज- विश्व कप क्वालीफाइर्स में भारतीय टीम के प्रदर्शन के बारे में क्या कहना चाहेंगे?

रॉबिन सिंह: देखिए बदलाव का समय जो होता वो काफी मुश्किल होता है। कुछ ऐसा ही इंडियन टीम के साथ भी होता हुआ दिख रहा है। जब स्टीफन कांस्टेंट इस टीम के साथ जुड़े थे तो शुरूआत में टीम हार रही थी लेकिन बाद में टीम ने जीतना शुरू कर दिया। कुछ ऐसा इगोर स्टिमाच के साथ भी हो रहा है। देखिए आप जब कुछ नए चीजें लाने की कोशिश करते हो तो उस समय आपको अलग चीज देखने को मिलती है। स्टिमाच जिस तरह की चीजें भारतीय फुटबॅाल में लाने की कोशिश कर रहे हैं वो काबिल-ए-तारीफ है। मैंने उनकी ट्रेनिंग को काफी नजदीक से देखा है और मुझे उम्मीद है कि वो इस टीम को एक नई बुलंदियों तक ले जाएंगे। उम्मीद करता हूं कि मुझे भी स्टिमाच के प्रशिक्षण में खेलने का मौका मिलेगा।

द ब्रिज- एटलेटिको डी कोलकाता और मोहान बगान के मर्जर के बारे में क्या कहना चाहेंगे?

रॉबिन सिंह: देखिए जो भी भारतीय फुटबॅाल को आग ले जानें के लिए कुछ कर रहा है। हमें उसका साथ देना चाहिए। मुझे पूरा भरोसा है कि इन टीमों के मर्जर से लोगों को काफी वेराइटी का फुटबॅाल देखने को मिलेगा।

Next Story
Share it