Begin typing your search above and press return to search.

टेनिस

भारतीय टेनिस के लिए मै अपना सब कुछ समर्पित करने को तैयार हूं- रोहित राजपाल

भारतीय टेनिस के लिए मै अपना सब कुछ समर्पित करने को तैयार हूं- रोहित राजपाल
X
By

Deepak Mishra

Published: 26 Dec 2019 1:46 PM GMT

भारत और पाकिस्तान के बीच रानीतिक विवाद के चलते उठ रहे गतिरोध और उठापटक की वजह से दोनों देश के बीच डेविस कप के आयोजन में काफी अड़चने आई। हालांकि काफी मशक्कत के बाद दोनों के बीच कजाखस्तान के नूर सुल्तान में डेविस कप का आयोजन किया गया। भारतीय टीम ने यहां पाकिस्तान के खिलाफ शानदार प्रदर्शन किया। यह भारतीय टेनिस के लिहाज से काफी अच्छा है।

इन दिनों भारतीय टेनिस में भी कप्तानी को लेकर हाल ही में काफी विवाद उठे थे। महेश भूपति की जगह रोहित राजपाल को भारत का गैर खिलाड़ी कप्तान बनाया गया था। द ब्रिज की टीम ने रोहित राजपाल से खास बातचीत की। इस बातचीत में राजपाल से डेविस कप में प्रदर्शन, भारत के सर्वश्रेष्ठ टेनिस खिलाड़ी लिएंडर पेस और उनके आगे कप्तानी करने के मौके के बारे में बातचीत की गई।

द ब्रिज- डेविस कप में पाकिस्तान के खिलाफ भारत के प्रदर्शन के बारे में क्या कहना चाहेंगे?

रोहित राजपाल: इस टाई से पहले काफी विवाद चल रहा था कि हमारे खिलाड़ी पाकिस्तान खेलने जाएंगे या नहीं फिर इसके बाद इस प्रतियोगिता का आयोजन नूर सुल्तान में हुआ। इतने कम समय के बावजूद भारतीय खिलाड़ियों ने अच्छा प्रदर्शन करते हुए देश का मान-सम्मान बढ़ाया। सुमीत नागल, जीवन सभी प्लेयर्स को धन्यवाद देना चाहता हूं जिन्होंने इतने कम समय में पाकिस्तान के खिलाफ मुकाबले खेलने के लिए हामी भरी।

द ब्रिज- लिएंडर पेस के बारे में आप क्या राय रखते हैं?

रोहित राजपाल: पेस के बारे में जितना भी कुछ कहा जाये उतना कम है। मुझे याद है मैं चेन्नई में खेल रहा था तब वो वहां पर आए थे। तब उनकी उम्र 11 साल के आस-पास के होगी। वहां से लेकर आज जब उन्हें खेलते हुए देखता हूं तब भरोसा नहीं होता कि इतना समय निकल चुका हैं। लिएंडर पेस का भारतीय टेनिस के लिए योगदान सरहानीय है।

द ब्रिज- क्या आप आगे भी भारतीय टीम की कप्तानी करने वाले हैं या फिर से महेश भूपति को कमान सौंपी जाएगी?

रोहित राजपाल: इसका जवाब भारतीय टेनिस संघ सही तरह से दे पाएगी। भारतीय टेनिस को जब मेरी जरूरत थी तो मैंने आगे आकर मुझसे जो बन पड़ा वो मैंने किया। अब ये आइटा पर है कि वो भारतीय टीम की कमान किसे सौंपना चाहती है। भारतीय टेनिस को जब भी मेरी जरूरत होगी तब मैं सबसे पहले आगे आकर अपना सब कुछ समर्पित करने के लिए तैयार रहूंगा।

mahesh bhupathi rohan bopanna

द ब्रिज- क्या आपको लगता है रोहन बोपन्ना और महेश भूपति जैसे खिलाड़ियों के लिए भारतीय टेनिस के दरवाजे अब भी खुले हुए हैं?

रोहित राजपाल: भारतीय टेनिस के दरवाजे हमेशा इन दोनों खिलाड़ियों के लिए खुले हुए हैं। रोहन और महेश ने इस देश को बहुत कुछ दिया है और वो आगे भी बहुत कुछ देने वाले हैं। भविष्य में मेरी उम्मीद रहेगी की इन खिलाड़ियों के साथ मिलकर भारतीय टेनिस को कैसे आगे बढ़ाया जाए उस पर बात होगी। साथ ही मुझे लगता है कि आइटा भी इन खिलाड़ियों से जल्द भी आगे के प्लान के बारे में बात करनी वाली हैं।

नवीनतम वीडियो
Next Story
Share it